Bada Mangal 2026: ज्येष्ठ माह हिंदू धर्म में विशेष महत्व रखता है और इस महीने पड़ने वाला हर मंगलवार “बड़ा मंगल” या “बुढ़वा मंगल” कहलाता है. यह दिन भगवान हनुमान को समर्पित माना जाता है. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, ज्येष्ठ माह के मंगलवार का संबंध कई पौराणिक और आध्यात्मिक घटनाओं से जुड़ा हुआ है. इस वर्ष अधिकमास के संयोग के कारण ज्येष्ठ महीने में कुल 8 मंगलवार पड़ रहे हैं, जो इसे और भी खास बना रहे हैं. पहला बड़ा मंगल 2 मई को मनाया जा चुका है, जबकि दूसरा बड़ा मंगल 12 मई 2026 को पड़ेगा.
दूसरा बड़ा मंगल कब है?
पंचांग के अनुसार 11 मई को दोपहर 3 बजकर 24 मिनट पर दशमी तिथि शुरू होगी. यह तिथि 12 मई को दोपहर 2 बजकर 52 मिनट तक रहेगी. इसके बाद एकादशी तिथि का आरंभ होगा. इस दिन भक्त भगवान हनुमान की विशेष पूजा-अर्चना कर सुख, समृद्धि और संकटों से मुक्ति की कामना करेंगे.
पूजा के शुभ मुहूर्त
अभिजीत मुहूर्त – दोपहर 11:51 बजे से 12:45 बजे तक
अमृत काल – शाम 5:21 बजे से 6:56 बजे तक
ब्रह्म मुहूर्त – सुबह 4:08 बजे से 4:50 बजे तक
विजय मुहूर्त – दोपहर 2:33 बजे से 3:27 बजे तक
गोधूलि मुहूर्त – शाम 7:02 बजे से 7:23 बजे तक
रोग पंचक का रहेगा प्रभाव
इस बार दूसरा बड़ा मंगल रोग पंचक में पड़ रहा है. ज्योतिष शास्त्र के अनुसार पंचक में शुभ और मांगलिक कार्य करना वर्जित माना जाता है. हालांकि भगवान हनुमान को सर्वशक्तिशाली माना गया है, इसलिए पंचक में भी उनकी पूजा की जा सकती है. मान्यता है कि पंचमुखी हनुमान जी की पूजा करने से अज्ञात भय, तनाव और शत्रु बाधाओं से मुक्ति मिलती है. इस दिन भंडारा करना भी शुभ माना गया है, लेकिन नए शुभ कार्यों की शुरुआत और विवाह जैसे मांगलिक कार्यों से बचना चाहिए.
पंचक में ऐसे करें हनुमान जी की पूजा
बड़ा मंगल के दिन हनुमान जी को सिंदूर, लाल चंदन और लाल पुष्प अर्पित करें. चमेली के तेल का दीपक जलाना अत्यंत शुभ माना गया है. इसके साथ “ॐ नमो भगवते पञ्चवदनाय, पूर्वकपि मुखाय, सकल शत्रु संहारणाय स्वाहा॥” मंत्र का जाप करें. हनुमान चालीसा, हनुमान बीसा और सुंदरकांड का पाठ भी अत्यंत फलदायी माना गया है. हालांकि पंचक के दौरान हवन और यज्ञ करने से बचना चाहिए.



















