छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल अब बना “छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल”
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय जी के सुशासन में छत्तीसगढ़ में आधुनिक, सुव्यवस्थित और समावेशी शहरी विकास को प्राथमिकता दिया जा रहा है। इसी विचार एवम दृष्टिकोण के तहत विधानसभा में विधेयक प्रस्तुत किया गया। जिसमे “छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल” को व्यापक कार्य एजेन्सी बनाते हुए नाम बदलकर “छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल” कर दिया गया है। जिससे आवास के साथ प्रदेश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका होगी तथा छत्तीसगढ़वासियों को बेहतर आवास और आधुनिक सुविधाओं का भरपूर लाभ मिलेगा।
आवास एवं पर्यावरण श्री मंत्री ओ.पी. चौधरी ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में हाउसिंग बोर्ड को नए स्वरूप में विकसित किया गया है, जिससे यह संस्था अब केवल मकानों और भवनों तक सीमित न रहकर व्यापक अधोसंरचना विकास कार्य भी कर सकेगी।
छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल के अध्यक्ष श्री अनुराग सिंहदेव ने कहा कि मुख्यमंत्री जी द्वारा छत्तीसगढ़ विधानसभा में 17 मार्च 2026 को यह विधेयक प्रस्तुत किया गया, जिस पर 21 अप्रैल को माननीय राज्यपाल द्वारा स्वीकृति के बाद 24 अप्रैल 2026 को छत्तीसगढ़ राजपत्र में प्रकाशित किया गया है। जिसमे छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल को छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल कर दिया गया है।
इसी क्रम में आज दिनांक 12 मई 2026 को समय-सीमा बैठक में आयुक्त अवनीश कुमार शरण ने छत्तीसगढ़ शासन के मंशानुसार समस्त संभाग, प्रक्षेत्र, वृत्त कार्यालयों में रीब्राडिंग हेतु पर्याप्त राशि जारी करने तथा मंडल के नए “लोगो” (Logo) डिज़ाइन हेतु सभी से प्रविष्टियां आमंत्रित करने के निर्देश दिए जिससे इसमें लोगों की सहभागिता सुनिश्चित हो सके। “लोगो” के डिजाईन हेतु प्रतियोगिता में कोई भी व्यक्ति, कलाकार, संस्था, सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर, छात्र एवं अप्रवासी भारतीय भी भाग ले सकते है। इच्छुक प्रतिभागी नए नाम (छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल) और उसके अवधारणा के अनुरूप “लोगो” डिज़ाइन कर अपने कॉन्सेप्ट नोट सहित आवश्यक जानकारी के साथ ई-मेल (ceocghb@yahoo.com) पर भेज सकते हैं। प्रविष्टि के साथ नाम, पता एवं आधार कार्ड नंबर देना होगा। प्रविष्टि भेजने की अंतिम तिथि 20 मई 2026 शाम 5 बजे तक है।
इस प्रतियोगिता में भाग लेने वालो से “लोगो” की सॉफ्ट कॉपी CDR, PDF, PNG एवं JPEG फॉर्मेट में स्वीकार की जाएगी। केवल ई-मेल के माध्यम से प्राप्त प्रविष्टियां ही मान्य होंगी। जिसका “लोगो” चयनित होगा उस विजेता को राशि रु. 2.50 लाख का पुरस्कार प्रदान किया जाएगा। अधिक जानकारी के लिए मण्डल की वेबसाईट www.cghb.gov.in पर विजीट किया जा सकता है।



















