धार: एमपी हाईकोर्ट के फैसले के बाद भोजशाला मंदिर है। अब हिंदू समाज के लोग यहां हर दिन मां वाग्देवी की पूजा करते हैं। हाईकोर्फ के फैसले के बाद पहली बार सीएम मोहन यादव भोजशाला पहुंचे। भोजशाला पहुंचकर उन्होंने मां वाग्देवी की प्रतिमा की पूजा अर्चना की है। साथ ही प्रांगण में खड़े होकर तस्वीर खिंचवाई है।
पहली बार पहुंचे भोजशाला
दरअसल, 15 मई को एमपी हाईकोर्ट ने फैसला सुनाया था कि भोजशाला मंदिर है। इसके बाद से परिसर पर हिंदू समाज का अधिकार है। इस फैसले के बाद सीएम मोहन यादव पहली बार भोजशाला पहुंचे। उनके साथ कद्दावर मंदिर कैलाश विजयवर्गीय भी मौजूद थे। मंदिर पहुंचकर सीएम मोहन यादव ने विधि विधान के साथ पूजा अर्चना की है। इसके बाद मां वाग्देवी की आरती उतारी है।
परिसर में खिंचवाई तस्वीर
वहीं, सीएम मोहन यादव ने भोजशाला परिसर में खड़े होकर तस्वीर खिंचवाई है। सीएम मोहन यादव के साथ वहां बीजेपी के अन्य नेता पहुंचे थे। अभी भोजशाला में सिर्फ मंगलवार के दिन ही हिंदुओं को पूजा का अधिकार था।
गौरतलब है कि भोजशाला को लेकर 701 सालों से विवाद चल रहा था। हिंदुओं को मंगलवार को पूजा की अनुमति थी। शुक्रवार को मुस्लिमों को नमाज की अनुमति थी। हाईकोर्ट के फैसले के बाद भोजशाला परिसर पर सिर्फ हिंदुओं को अधिकार है। अब कमाल मौला मस्जिद में मुस्लिमों को नमाज पढ़ने की अनुमति नहीं है। इस बार जुमे पर मुस्लिमों को नमाज पढ़ने की अनुमति नहीं दी गई। अब हिंदू समाज के लोग वाग्देवी की प्रतिमा लंदन से मांगने की मांग कर रहे हैं।



















