दिल्ली: दिल्ली की वेस्ट डिस्ट्रिक्ट पुलिस ने एक सनसनीखेज ब्लाइंड मर्डर केस को सुलझाते हुए मृतक के सगे भाई और उसकी पत्नी को गिरफ्तार किया है. पुलिस के मुताबिक आरोपियों ने युवक की हत्या करने के बाद शव को गद्दों और कंबलों में लपेटकर प्लास्टिक के बोरे में भर दिया था. बाद में शव को दिल्ली के मोती नगर इलाके में एक फैक्ट्री के बाहर फेंक दिया था. पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती मृतक युवक की पहचान करना थी. क्योंकि शव काफी सड़-गल चुका था और शुरुआत में उसकी पहचान नहीं हो पा रही थी. लेकिन लगातार जांच,  वैज्ञानिक तरीके और तकनीकी निगरानी की मदद से पुलिस ने न सिर्फ मृतक की पहचान की बल्कि हत्या की पूरी कहानी भी सामने ला दी है.

दिल्ली के मोती नगर इलाके में पड़ा था शव

मामले की शुरुआत 4 अप्रैल 2026 को हुई, जब मोती नगर थाने की पुलिस को सूचना मिली कि रामा रोड स्थित प्रेम नगर फाटक के पास एक फैक्ट्री के बाहर सफेद रंग का प्लास्टिक का बोरा पड़ा हुआ है, जिसमें से तेज बदबू आ रही है. मौके पर पहुंची पुलिस टीम ने देखा कि बोरे को रस्सी से बांधा गया था. क्राइम टीम और एफएसएल टीम को बुलाकर जांच कराई गई. बोरे के अंदर दो गद्दे और दो रंग-बिरंगे कंबलों में लिपटा हुआ करीब 40 से 42 साल के एक व्यक्ति का शव बरामद हुआ. मृतक ने नीली जींस और पिस्ता रंग की फुल स्लीव शर्ट पहन रखी थी. उसके दोनों पैर मोबाइल चार्जर की केबल से बांधे गए थे. शव काफी खराब हालत में होने के कारण शुरुआती जांच में कोई साफ चोट नजर नहीं आई. 

दिल्ली पुलिस को टैटू से मिला सुराग

पोस्टमार्टम रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि युवक की हत्या की गई थी. रिपोर्ट के मुताबिक उसकी गर्दन पर चोट के निशान, हड्डी टूटने और सिर पर चोट के सबूत मिले. डॉक्टरों ने मौत की वजह गला दबाने और सिर पर किसी भारी चीज से चोट लगना बताया. जांच के दौरान मृतक के हाथ पर बना एक टैटू पुलिस के लिए अहम सुराग बना. टैटू पर अमित-किरन लिखा हुआ था. इसके बाद पुलिस ने मृतक की पहचान के लिए दिल्ली-एनसीआर में बड़े स्तर पर अभियान चलाया. पुलिस टीम ने जखीरा, रामा रोड, आनंद पर्वत और आसपास के इलाकों में पूछताछ की थी. मृतक की तस्वीरें लोगों को दिखाई गईं. 200 से ज्यादा ह्यू एंड क्राई नोटिस जारी किए गए और पूरे दिल्ली-एनसीआर में जांच तेज की गई. 

300 सीसीटीवी फुटेज खंगाले

इसके साथ ही पुलिस ने घटनास्थल से जुड़े रास्तों के 300 से ज्यादा CCTV कैमरों की फुटेज खंगाली. इस दौरान पुलिस को एक संदिग्ध ई-कार्ट नजर आया, जिसका इस्तेमाल शव को ठिकाने लगाने के लिए किया गया था. जांच के बाद ई-कार्ट चालक कासिम को पूछताछ के लिए बुलाया गया. पूछताछ में सामने आया कि उसने गाजियाबाद के लोनी में एक मकान से गद्दे और कंबल में लिपटा सामान पहुंचाया था. पुलिस ने ई-कार्ट को जब्त कर लिया. कासिम की निशानदेही पर पुलिस ने दो मजदूरों जय प्रकाश उर्फ गंजा और जगदीश से पूछताछ की. दोनों ने बताया कि उन्हें लोन‍ी स्थित एक मकान से सामान शिफ्ट करने के लिए बुलाया गया था. 

सगे भाई भाभी ने की थी हत्या

इसके बाद पुलिस ने उस मकान की जांच की, जहां से खून के निशान और कई अहम सबूत बरामद हुए. एफएसएल टीम ने भी मौके से साक्ष्य जुटाए. जांच आगे बढ़ी तो मृतक की पहचान अमित कुमार के रूप में हुई. सबसे चौंकाने वाली बात यह सामने आई कि हत्या करने वाला कोई बाहरी नहीं बल्कि अमित का सगा भाई गोपाल था. पुलिस के मुताबिक गोपाल और उसकी पत्नी सोमा़ उर्फ सीमा उसी मकान में किराए पर रहते थे. वारदात के बाद दोनों तुरंत मकान खाली करके फरार हो गए थे और लगातार अपने ठिकाने बदल रहे थे. 

15 जून को हुई आरोपियों की गिरफ्तारी 

आरोपियों को पकड़ने के लिए दिल्ली, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल तक छापेमारी की गई. पुलिस ने मोबाइल लोकेशन, कॉल डिटेल रिकॉर्ड, IMEI ट्रैकिंग और अन्य तकनीकी जांच के जरिए आरोपियों की तलाश जारी रखी. कई दिनों की मेहनत के बाद पुलिस को सूचना मिली कि दोनों आरोपी दिल्ली के रामा रोड इलाके में रेलवे लाइन के पास खड्डेवाली झुग्गी, शिव बस्ती में छिपे हुए हैं. इसके बाद पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए 15 जून 2026 को दोनों को गिरफ्तार कर लिया. 

अवैध संबंध हो सकते हैं हत्या की वजह 

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान गोपाल निवासी असावटी, पलवल (हरियाणा) और उसकी पत्नी सोमा उर्फ सीमा के रूप में हुई है. पूछताछ में दोनों से हत्या के कारण और वारदात से जुड़े अन्य पहलुओं पर पूछताछ की जा रही है. पुलिस ने गोपाल को कोर्ट में पेश कर एक दिन की पुलिस रिमांड हासिल की है, जबकि सोमा को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है. दिल्ली पुलिस का कहना है कि मामले की आगे की जांच जारी है और हत्या के पीछे की वजह, अन्य सबूत और वारदात में इस्तेमाल सामान की बरामदगी के लिए कार्रवाई की जा रही है. अभी तक की जांच में हत्या की वजह अवैध संबंध पता चली है. 

अब तक की पूछताछ और जांच में शुरुआती तौर पर सामने आया है कि मृतक अमित कुमार, जो आरोपी गोपाल का बड़ा भाई था. वह शराब पीने का आदी था. वह सीमा के साथ अक्सर गलत तरीके से व्यवहार करता था. वह उस पर ऐसे हक जताता था जैसे वह उसकी पत्नी हो, उससे बेवजह की मांगें करता था और उसके साथ गलत शारीरिक संबंध बनाने की कोशिश करता था. मृतक के इस व्यवहार का आरोपी गोपाल और सोमा उर्फ सीमा दोनों विरोध करते थे. इसी बात को लेकर उनके बीच अक्सर झगड़े होते थे और रिश्तों में काफी तनाव आ गया था.  शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि मृतक के कथित व्यवहार को लेकर लंबे समय से चल रहा विवाद ही इस वारदात की मुख्य वजह बना. घटना की पूरी कड़ी और उस दिन क्या हुआ था, इसकी जांच अभी जारी है.

Advertisement Carousel
Share.

Comments are closed.

chhattisgarhrajya.com

ADDRESS : GAYTRI NAGAR, NEAR ASHIRWAD HOSPITAL, DANGANIYA, RAIPUR (CG)
 
MOBILE : +91-9826237000
EMAIL : info@chhattisgarhrajya.com
September 2026
M T W T F S S
 123456
78910111213
14151617181920
21222324252627
282930