पुणे: महाराष्ट्र के चर्चित केतन अग्रवाल मर्डर केस का मामला फास्ट ट्रैक कोर्ट में चलेगा। शुक्रवार को केतन के पिता विशाल अग्रवाल ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात की। पिता से मिलने के बाद मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इस पूरे मामले को कल्पना से परे बताया है। सीएम ने इस मामले को फास्ट ट्रैक केस के तौर लेने का आदेश दिया है। इतना ही नहीं इस मामले में केतन अग्रवाल की तरफ से सीएम मुंबई हमले में कसाब को सजा दिलाने वाले सरकारी वकील उज्जवल निकम की नियुक्ति की है। मुख्यमंत्री ने मृतक केतन अग्रवाल के पिता के उस अनुरोध का स्वीकारा कर लिया है। जिसमें उन्होंने इस केस में जल्द न्याय की मांग की थी। 26 साल के केतन अग्रवाल की 18 जून को पुणे के पास लोहगढ़ किले में एक खाई में गिरने से मौत हो गई थी। इस मामले में पुलिस ने मंगेतर सिया गोयल और उसके प्रेमी चेतन चौधरी को अरेस्ट किया है। दोनों पर ऊंचे किले से धक्का देने का आरोप है।
फडणवीस बोले-कल्पना से परे
महाराष्ट्र के सीएम फडणवीस ने इस मामले को बेहद चौंकाने वाला बताया। उन्हाेंने इस मामले को कल्पना से परे बताया और कहा कि इसे सिर्फ एक अपराध के तौर पर नहीं, बल्कि एक ऐसे मुद्दे के तौर पर देखा जाना चाहिए जिस पर समाज को गहराई से सोचने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि यह एक बेहद चौंकाने वाली घटना है, जिसकी कल्पना भी नहीं की जा सकती। यह ऐसी घटना है जो हमें, एक समाज के तौर पर, गंभीरता से सोचने पर मजबूर करती है। पढ़े-लिखे और अच्छे-खासे परिवारों के बच्चों में ऐसी बुरी और विनाशकारी सोच क्यों पैदा होती है? इस सोच के पीछे क्या कारण हैं? हमें इस पर गहराई से सोचने की जरूरत है। उन्होंने आगे कहा कि सही में इस मामले को सिर्फ एक अपराध के तौर पर नहीं, बल्कि सामाजिक नजरिए से भी देखा जाना चाहिए। समाज को सोचना होगा कि कैसा माहौल और सिस्टम बनाया जाए ताकि इतनी कम उम्र में बच्चों में ऐसी क्रूर और बदले की भावना वाली सोच पैदा न हो। यह घटना वाकई बहुत चौंकाने वाली है।
मंगेतर सिया ने पैर फिसलने की कही थी बात
शुरुआत में इस घटना को दुर्घटनावश हुई मौत माना गया था, क्योंकि उनकी मंगेतर सिया गोयल ने परिवार वालों और पुलिस को बताया था कि ट्रेकिंग के दौरान उनका पैर फिसल गया था। बाद में पुणे ग्रामीण पुलिस ने आरोप लगाया कि केतन को सिया गोयल (20) और उसके कथित प्रेमी चेतन चौधरी (22) ने खाई में धक्का दिया था। दोनों को गिरफ़्तार कर लिया गया है और उन पर हत्या और आपराधिक साजिश से जुड़ी भारतीय न्याय संहिता की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस के मुताबिक जांच में सीसीटीवी फुटेज, कॉल रिकॉर्ड और दूसरे डिजिटल सबूतों की मदद ली गई। अधिकारियों ने यह भी दावा किया है कि सिया शादी को लेकर हिचकिचा रही थी और परिवार के दबाव में शादी के लिए तैयार हुई थी। पुलिस का कहना है कि केतन को कई बार लोहगढ़ किला घूमने के लिए मनाया था और इससे पहले भी उसे मारने की नाकाम कोशिशें की गई थीं। जांच जारी रहने तक आरोपी पुलिस हिरासत में हैं।



















