जब आप ऑनलाइन खाना ऑर्डर करते हैं, तो आमतौर पर डिलीवरी करने वाला बाइक या स्कूटी से खाना लेकर आता है। लेकिन आने वाले समय में यह तस्वीर बदल सकती है। Uber Eats और ड्रोन डिलीवरी कंपनी Zipline ने साथ मिलकर ड्रोन से खाना पहुंचाने के लिए पार्टनरशिप की है। कंपनियों का लक्ष्य 2029 के अंत तक ड्रोन की मदद से रोजाना 10 लाख डिलीवरी करने का है। उबर को उम्मीद है कि इससे 5 से 10 मिनट में खाना डिलीवर हो सकता है। हालांकि, अभी यह सुविधा अमेरिका में मिलेगी।
Zipline पहले से कर रही ड्रोन डिलीवरी
अमेरिका में सैन फ्रांसिस्को बेस्ड जिपलाइन पहले से करीब चार महाद्वीपों में ड्रोन के जरिए डिलीवरी का काम करती है। कंपनी ने हाल ही में 800 मिलियन डॉलर की Series H फंडिंग पूरी की है, जिससे उसका वैल्यूएशन 7.6 अरब डॉलर हो गया है। कंपनी के मुताबिक उसके नेटवर्क से करीब हर 20 सेकंड में एक डिलीवरी पूरी होती है और उसका नेटवर्क 5,000 से ज्यादा अस्पतालों को सेवा देता है।
5 से 10 मिनट में पहुंच सकता है खाना
उबर का मानना है कि जिपलाइन के ड्रोन उबर के ऑर्डर्स को 5 से 10 मिनट के भीतर पूरा कर सकते हैं। उबर के CEO दारा खोसरोशाही (Dara Khosrowshahi) ने The Wall Street Journal को दिए एक इंटरव्यू में कहा कि वास्तव में क्विक कॉमर्स का मार्केट शुरुआती फूड मार्केट से भी बड़ा साबित हो रहा है। उन्होंने कहा कि यह उबर के अगले ग्रोथ फेज के लिए बड़ा सपोर्ट साबित हो सकता है।
भारत में कब शुरू होगी ड्रोन डिलीवरी?
दोनों कंपनियों के मुताबिक जिपलाइन के ड्रोन इस साल के अंत तक उबर के प्लेटफॉर्म पर पहली डिलीवरी कर सकते हैं। सबसे पहले शुरुआत उन बाजारों से होगी जहां जिपलाइन पहले से काम कर रही है। ऐसे में फिलहाल Uber Eats और Zipline की योजना अमेरिका से शुरू होने जा रही है। भारत में ड्रोन के जरिए फूड डिलीवरी कब शुरू होगी, इस बारे में दोनों कंपनियों की ओर से कोई जानकारी नहीं दी गई है। इसलिए अभी भारत में ग्राहकों तक ड्रोन से खाना पहुंचने की समयसीमा तय नहीं है।



















