छत्तीसगढ़ – राजधानी के गुढ़ियारी थाने में घुसकर हंगामा करने वाले भाजयुमो नेता शुभांकर द्विवेदी को पुलिस ने देर रात गिरफ्तार किया। उन पर थाना प्रभारी से बदसलूकी, जान से मारने की धमकी और सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने के आरोप लगे हैं। पुलिस आरोपी को गुढ़ियारी थाने में लाकर पूछताछ कर रही है। पुलिस फरारी के दौरान उसे शरण देने वाले लोगों और उसके छिपने के ठिकानों के संबंध में जानकारी जुटा रही है।
यह पूरा मामला 15 सितंबर का है। गुढ़ियारी थाना प्रभारी निरीक्षक नरेंद्र साहू की शिकायत के अनुसार, दोपहर शुभांकर द्विवेदी अपने समर्थकों के साथ थाने पहुंचा था। आरोपी शुभांकर द्विवेदी, प्रकाश यादव, मुकुल वर्मा, सत्यम पाण्डेय और अन्य लोग थाना प्रभारी के कक्ष में प्रवेश कर फर्श पर बैठकर धरना देने लगे।
ये सभी लोग 14 सितंबर को कोलाहल अधिनियम के तहत जब्त किए गए वाहन और साउंड सिस्टम को बिना किसी कानूनी प्रक्रिया के तुरंत छोड़े जाने की मांग कर रहे थे। थाना प्रभारी नरेंद्र साहू ने उन्हें समझाया कि मामले में नियमानुसार कार्रवाई की जा चुकी है और जब्त सामान केवल न्यायालय की प्रक्रिया के माध्यम से ही वापस लिया जा सकता है। इसके बावजूद आरोपी अपनी मांग पर अड़े रहे और विवाद करने लगे।
थाने में किया था हंगामा
पुलिस द्वारा बिना कानूनी प्रक्रिया के सामान छोड़ने से इन्कार करने पर आरोपी उग्र हो गए। आरोप है कि शुभांकर द्विवेदी और उसके साथियों ने थाना प्रभारी समेत वहां मौजूद पुलिसकर्मियों से गाली-गलौज की और धक्का-मुक्की की। इस दौरान शुभांकर द्विवेदी ने थाना प्रभारी निरीक्षक नरेंद्र साहू को उनकी वर्दी उतरवाने तथा जान से मारने की धमकी दी। थाने के भीतर लोगों के एकत्र होने से पुलिसकर्मियों की आवाजाही बाधित हुई। इसके कारण जब्त सामान से जुड़े दस्तावेज तैयार करने और प्रकरण को न्यायालय में पेश करने के सरकारी काम में बाधा आई।
सरकारी संपत्ति को पहुंचाया नुकसान
विवाद के दौरान थाना प्रभारी कार्यालय में रखे सामान को नुकसान पहुंचाया गया। शिकायत के अनुसार, शुभांकर द्विवेदी ने मेज पर रखा गमला और पेन स्टैंड उठाकर फर्श पर पटक दिया। पुलिसकर्मियों ने उसे सरकारी संपत्ति को नुकसान न पहुंचाने की समझाइश दी। इसके बाद आरोपी शुभांकर द्विवेदी ने मेज पर रखी नामपट्टिका उठाई और दीवार पर लगे टेलीविजन पर दे मारी, जिससे टेलीविजन क्षतिग्रस्त हो गया। थाना प्रभारी की शिकायत पर पुलिस ने शुभांकर द्विवेदी सहित सात नामजद लोगों और अन्य साथियों के खिलाफ अपराध दर्ज किया था। नामजद आरोपियों में प्रकाश यादव, मुकुल वर्मा, सत्यम पाण्डेय, सोमेश पाल, जितेंद्र चंद्रवंशी और लालसिंह चौहान भी शामिल हैं।



















