रायपुर। छत्तीसगढ़ तृतीय वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ के प्रांताध्यक्ष राकेश साहू ने राज्य शासन से मांग की कि पूर्व राज्य परिवहन निगम सीआईडीसी के आकस्मिक निधन हुए कर्मचारी साथियों के परिजनों का क्रमिक उपवास चौथे दिन भी बीत जाने के बाद भी शासन द्वारा कोई सुध नहीं लिये जाने से नाराजगी व्यक्त करते हुए शासन पर यह आरोप लगाया कि कलेक्टर कार्यालय एवं मंत्रालय के अफसरों की लापरवाही के चलते यह अनुकंपा नियुक्ति प्रकरण उद्भत हुआ है। वर्ष 2011 में शिक्षाकर्मी में नियुक्ति की गई है।

वर्ष 2013 में सामान्य प्रशासन विभाग के निर्देश की अवहेलना सीआईडीसी के कर्मचारियों को नियुक्ति से वंचित होना पड़ा। सीआईडीसी के बोर्ड की बैठक में मुख्य सचिव वित्त, सचिव सामान्य प्रशासन एवं परिवहन सचिव के द्वारा दिसंबर 2019 में लिए गए निर्णय के उपरांत भी आज तक आदेश जारी नहीं किया जाना शासन की लेटलतीफी दर्शाता है। वहीं माननीय उच्च न्यायालय द्वारा पारित आदेश का पालन नहीं किया जाना निराशाजनक है। हताश होकर संगठन के तत्वावधान में परिजनों द्वारा उपवास किया जा रहा है। जल्द ही मांगें पूरी नहीं किये जाने पर शांति स्वरूप आंदोलन का उग्र रुप आंदोलन में परिवर्तन किया जाएगा जिसकी सारी जवाबदेही शासन की होगी। आज के उपवास में शामिल हुए परिजनों में भूपेन्द्र साहू, देवीलाल शुक्ला, केके पांडेय, विवेक चौहान, मो.जुनैद, जगजीत सिंह, प्रेमनारायण साहू, जगजीत सिंह द्वारा उपवास किया गया और छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री के नाम अनुकंपा नियुक्ति के आदेश को जारी करने हेतु कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा गया। इस प्रदर्शन में संगठन के राकेश साहू प्रांताध्यक्ष छत्तीसगढ़ तृतीय वर्ग शासकीय कर्मचारी संघ, जिलाध्यक्ष सुखीराम धृतलहरे, उपाध्यक्ष गजेश यदु, महामंत्री प्रकाश शुक्ला, भीमलाल मोठघरे, उपाध्यक्ष चंद्रशेखर तिवारी, प्रांतीय पदाधिकारी बेनीराम गायकवाड़, ज्वाला कश्यप, पेंशनर संघ के सीएल साहू, तिलक यादव, मुक्तेश्वर देवांगन, विजय विश्वकर्मा, आशीष जायसवाल, एवं अन्य कर्मचारी साथी उपवास में इस आंदोलन में उपस्थित रहे।


















