फिल्ममेकर विवेक अग्निहोत्री एक बार फिर अपने बयानों को लेकर सुर्खियों में हैं। पश्चिम बंगाल की राजनीति में आए बड़े बदलाव के बाद विवेक अग्निहोत्री ने ऐसा पोस्ट किया जिसने सोशल मीडिया पर नई बहस छेड़ दी। बिना किसी का नाम लिए उन्होंने कहा कि बंगाल अब असली मायनों में आजाद हो चुका है। उनके इस बयान को सीधे तौर पर ममता बनर्जी की हार से जोड़कर देखा जा रहा है।
विवेक बोले- बंगाल अब आजाद हुआ है
बंगाल में विधानसभा के भंग होते ही ममता बनर्जी अब मुख्यमंत्री नहीं रही हैं। इसी बीच फिल्ममेकर विवेक अग्निहोत्री ने एक बार फिर दीदी पर तंज कसा है। विवेक ने बिना ममता दीदी का नाम लिए अब एक्स पर पोस्ट शेयर करते हुए कहा है कि बंगाल अब असल मायने में आजाद हुआ है।
दरअसल विवेक की फिल्म द बंगाल फाइल्स जिसे बंगाल में रिलीज नहीं होने दिया गया था, वो अब रिलीज हो रही है। इसी के बारे में विवेक लगातार अपने सोशल मीडिया पर जानकारी दे रहे हैं। इसी बीच उन्होंने एक पोस्ट किया जिसमें उन्होंने कहा, पश्चिम बंगाल के फिल्म डिस्ट्रिब्यूटर्स क्या कह रहे हैं, जरा सुनिए। बंगाल अब फ्री हुआ है।
चुनावी नतीजों के बाद बदला माहौल
पश्चिम बंगाल विधानसभा के राजनीतिक समीकरण बदलते ही राज्य का माहौल पूरी तरह बदल गया है। भवानीपुर सीट पर भाजपा नेता शुवेंदु अधिकारी की जीत के बाद कई राजनीतिक और फिल्मी हस्तियां लगातार अपनी प्रतिक्रिया दे रही हैं। इसी बीच विवेक अग्निहोत्री ने सोशल मीडिया पर पोस्ट साझा कर अपनी खुशी जाहिर की।
उन्होंने एक पुराना वीडियो शेयर करते हुए दावा किया कि उनके साथ बंगाल में काफी मुश्किलें खड़ी की गई थीं। विवेक ने कहा कि उनकी फिल्मों को राज्य में सही तरीके से रिलीज नहीं होने दिया गया और उन्हें कई तरह के विरोध का सामना करना पड़ा।
‘द बंगाल फाइल्स’ को लेकर छिड़ा विवाद
विवेक अग्निहोत्री की फिल्म ‘द बंगाल फाइल्स’ पिछले काफी समय से चर्चा में बनी हुई है। फिल्म 1940 के दशक के बंगाल और उस दौर की हिंसक घटनाओं पर आधारित बताई जा रही है। निर्देशक का कहना है कि फिल्म इतिहास के उस दर्दनाक अध्याय को सामने लाने की कोशिश करती है जिसे लंबे समय तक नजरअंदाज किया गया।
विवेक ने आरोप लगाया कि जब उन्होंने फिल्म को बंगाल में रिलीज करने की कोशिश की, तब उन्हें विरोध झेलना पड़ा। उनका कहना है कि फिल्म के ट्रेलर लॉन्च से लेकर स्क्रीनिंग तक में कई बाधाएं खड़ी की गईं। उन्होंने यह भी दावा किया कि उनके खिलाफ कई FIR दर्ज हुईं और उन्हें बंगाल में एंट्री तक से रोकने की बातें कही गईं।
‘हमने हार नहीं मानी’
फिल्ममेकर ने अपने पोस्ट में कहा कि तमाम मुश्किलों के बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी। उनके मुताबिक, चुनावों के दौरान उन्होंने गुप्त तरीके से ज्यादा से ज्यादा लोगों तक अपनी फिल्म पहुंचाने की कोशिश की। विवेक ने दावा किया कि बंगाल के लोगों ने अब खुलकर बदलाव का समर्थन किया है।
उन्होंने लिखा कि अब लोग बिना डर के सिर उठाकर चल सकेंगे। विवेक का यह बयान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया। कुछ लोग उनकी बातों का समर्थन कर रहे हैं, जबकि कई यूजर्स इसे राजनीतिक बयानबाजी बता रहे हैं।
क्या सच में फिल्म पर लगा था बैन?
हालांकि, पश्चिम बंगाल सरकार की तरफ से फिल्म पर किसी आधिकारिक बैन की घोषणा नहीं की गई थी। रिपोर्ट्स के मुताबिक, कई सिनेमाघर मालिकों ने आपसी सहमति से फिल्म को स्क्रीन न करने का फैसला लिया था। इस मामले में किसी थिएटर मालिक ने सार्वजनिक रूप से कोई स्पष्ट वजह भी सामने नहीं रखी।



















