अहमदाबाद: गुजरात में पिछले 36 घंटों में हुई भारी बारिश ने दक्षिण के हिस्से में आने वाले वलसाड, सूरत और नवसारी जिलों में हालात खराब कर दिए हैं। दिल्ली-मुंबई राष्ट्रीय राजमार्ग(NH-48) पर भी ट्रैफिक प्रभावित हुआ है। इस सब के बीच वलसाड में एक दिल धड़क रेस्क्यू ऑपरेशन सामने आया है, जहां गुजरात पुलिस के जवान सही में बस की छत पर बैठे यात्रियों के लिए देवदूत बनकर सामने आए। पुलिस ने सूरत से महाराष्ट्र से जा रही बस के यात्रियों को सुरक्षित बचाया। यह पूरा ऑपरेशन वलसाड के अंभेटी के पास हुआ। वलसाड महाराष्ट्र से लगा हुआ गुजरात का जिला है।
पुलिस ने 35 यात्रियों को बचाया
सूरत से महाराष्ट्र जा रही बस वलसाड में बाढ़ की चपेट में आ गई। जब बस डूबने लगी तो यात्री किसी तरह से जान बचाने के लिए छत पर चढ़ गए। इसकी सूचना जब पुलिस को मिली तो नानापोधा थाने की पुलिस के जवान मौके पर पहुंचे ओर लगातार बढ़ रहे जलस्तर के बीच पानी में घिरी बस पर बैठे लोगों को रेस्क्यू किया। बस में कुल 35 यात्री सवार थे। सामने आया है कि बस बाढ़ के गहरे पानी में फंस गई थी। पुलिसकर्मियों की स्थानीय लोगों ने भी मदद की। अच्छी बात यह रही कि पुलिस न कोई जनहानि होने दी बल्कि किसी को चोट और तकलीफ भी नहीं आने दी।
पुलिस ने कैसे यात्रियों को सुरक्षित निकाला
घटना के वीडियो में पुलिसकर्मियों को एक बच्चे को सुरक्षित ले जाते हुए देखा गया। उन्होंने फंसे हुए लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए रस्सियों का इस्तेमाल किया। पानी से होकर निकलने के लिए उन्हें पहले लाइफ जैकेट दी गई थीं। पुलिस ने इसमें पूरी मदद की। पुलिस के इस ऑपरेशन की खूब तारीफ हो रही है।
अलर्ट पर सीएम-डिप्टी सीएम की जोड़ी
गुजरात के वलसाड जिले के साथ-साथ नवसारी और सूरत में पिछले 24 घंटों से भारी बारिश हो रही है, जिसके कारण राज्य सरकार को राहत और बचाव कार्य शुरू करने पड़े हैं। अधिकारियों ने गुरुवार को बताया कि मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल और उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी बाढ़ की स्थिति पर लगातार नज़र रखे हुए हैं। मुख्यमंत्री गांधीनगर में हैं तो वहीं हर्ष संघवी दक्षिण गुजरात पहुंच गए हैं। उन्होंने गुरुवार को नवसारी में एक के बाद एक कई बैठकें की। इसके बाद वलसाड के हालत की समीक्षा की।
वलसाड में सबसे ज्यादा बारिश
वलसाड में स्थानीय प्रशासन की मदद के लिए सेना के 70 जवान (पांच नावों के साथ), एनडीआरएफ की पांच टीमें, SDRF की पांच टीमें और फायर ब्रिगेड के 25 जवान तैनात किए गए हैं। उमरगाम, वापी, धरमपुर और पारडी तालुका के ग्रामीण इलाकों से 500 से ज़्यादा लोगों को सुरक्षित जगहों पर पहुंचाया गया है।



















