रायपुर। छत्तीसगढ़ संयुक्त अनियमित कर्मचारी महासंघ ने आज 2 अक्टूबर को गांधी जयंती के दिन सत्याग्रह दिवस मनाया। महासंघ की 5 सूत्रीय मांगों में अनियमित कर्मचारियों के नियमितीकरण तथा नियमितीकरण तक 62 वर्ष आयु तक की जाब सुरक्षा, छंटनी किये गये कर्मचारियों की बहाली, आउसोर्सिंग एवं ठेका प्रथा समाप्त कर कार्यरत् कर्मचारियों को विभागों में समायोजित, 15 अनियमित कर्मचारियों पर दर्ज केस शुन्य किये जाने तथा अंशकालीन कर्मचारियों को पूर्ण कालीन जैसी मांगें शामिल है। इन्हीं मांगों को वर्चुअल फेसबुक के माध्यम से शासन के समक्ष रखे। कार्यक्रम में प्रदेश के समस्त जिला के लाखों अनियमित कर्मचारी गांधीजी को माल्यार्पण कर गांधीगिरी के माध्यम से नियमितीकरण के लिए सरकार से आग्रह किया।

उल्लेखनीय है कि कांग्रेस ने अपने जन-घोषणा (वचन) पत्र दूर दृष्टि, पक्का इरादा, कांग्रेस करेगी पूरा वादा के बिंदु क्रमांक 11 एवं 30 में अनियमित कर्मचारियों के नियमितीकरण करने, किसी की भी छटनी न करने तथा आउट सोर्सिंग बंद करने के वादे किये। वहीं 14 फऱवरी 2019 को महासंघ के मंच से मुख्यमंत्री द्वारा आगामी वर्ष (2020-21) में कर्मचारियों के हित (नियमितीकरण) में काम करने के वादे किये किन्तु अनियमित कर्मचारियों की मांगों पर अब तक कोई पहल नहीं हो पायी है।

महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष गोपाल गिरी गोस्वामी का कहना है कि पिछली सरकार में रहे विपक्ष के वरिष्ठ पदाधिकारी हमारे पंडालो, सभा स्थलो में आ आ कर के चिल्ला चिल्ला कर वर्तमान सरकार को कोसती रही है तत्कालीन सरकार को कोसती रही है और जब भी सरकार में आये तो उन्होंने 10 दिवस के भीतर नियमित करने के वादे किये। उस समय में विपक्ष की सरकार आज की वर्तमान सरकार है। आज 2 अक्टूबर को गांधी जयंती पर महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष गोपाल गिरी गोस्वामी द्वारा एक फिर सरकार को उनके किये गये वादों को याद दिलाकर वादों को पूरा करने की अपील की गई।


















