अहमदाबाद : गुजरात हाई कोर्ट में एक अजीब मामला आया है। यहां एक 60 साल के व्यक्ति की कस्टडी उसकी लिव इन पार्टनर ने मांगी है। लिव इन पार्टनर का आरोप है कि वे दोनों एक-दूसरे से प्यार करते हैं, दोनों एक साथ रहते थे, लेकिन शख्स की बहन जबरन उसे अपने घर ले गई। इधर हाई कोर्ट में वह व्यक्ति इस सवाल का ठीक से जवाब नहीं दे पाया कि क्या वह अपनी लिव-इन पार्टनर के पास वापस जाना चाहता है? पता चला कि वह बीमार है और ठीक से बोल भी नहीं पा रहा है। हाई कोर्ट के सामने उसकी बहन और लिव इन पार्टनर के बीच कस्टडी देने का मामला उलझ गया। क्योंकि दोनों ने फिर एक-दूसरे पर गंभीर आरोप लगाए। अब हाई कोर्ट ने पूरी मेडिकल जांच का आदेश दिया है।
कोबा की रहने वाली शख्स की लिव इन पार्टनर ने उसकी कस्टडी के लिए ‘हेबियस कॉर्पस’ (बंदी प्रत्यक्षीकरण) याचिका दायर की थी। उसने आरोप लगाया कि उस व्यक्ति की बहन उसे घर ले गई थी, यह कहकर कि उसकी तबीयत ठीक नहीं है। उसने यह भी आरोप लगाया कि उसे उस व्यक्ति से संपर्क नहीं करने दिया जा रहा था।
अस्पताल में भर्ती कराया गया शख्स
सुनवाई के दौरान, कोर्ट ने देखा कि उस व्यक्ति की हालत में कोई सुधार नहीं हुआ है और उसके जवाब बहुत धीमे थे। उस व्यक्ति की लिव-इन पार्टनर और उसकी बहन उसकी बिगड़ती सेहत के लिए एक-दूसरे पर आरोप लगाती रहीं, लेकिन दोनों ही कोर्ट के इस सुझाव पर सहमत हो गईं कि किसी सरकारी अस्पताल के एक्सपर्ट्स से उसकी जांच कराई जाए।
मेडिकल जांच के बाद हाई कोर्ट जाएगी रिपोर्ट
स्वास्थ्य और परिवार कल्याण विभाग के एक लॉ ऑफिसर ने कोर्ट को बताया कि सिविल अस्पताल का स्टैंडिंग मेडिकल बोर्ड उस व्यक्ति की पूरी मेडिकल जांच करेगा, जिसमें शारीरिक, मानसिक और न्यूरोलॉजिकल जांच के साथ-साथ नशीले पदार्थों के सेवन की जांच भी शामिल होगी।
शख्स की बहन उठाएगी इलाज का खर्च
कोर्ट ने आदेश दिया कि अगर स्टैंडिंग मेडिकल बोर्ड और सिविल अस्पताल को सही लगे, तो वे अन्य टेस्ट भी कर सकते हैं। उस व्यक्ति की बहन उसके इलाज का खर्च उठाने के लिए सहमत हो गई। कोर्ट ने अधिकारियों को यह भी आदेश दिया कि वे एक सीलबंद लिफाफे में विस्तृत रिपोर्ट कोर्ट के सामने पेश करें।
15 जुलाई को सुनवाई
हाई कोर्ट ने याचिकाकर्ता (उस व्यक्ति की लिव-इन पार्टनर) और उसकी बहन को उसकी कस्टडी के बारे में हलफनामा दायर करने का निर्देश दिया और मामले की अगली सुनवाई के लिए 15 जुलाई की तारीख तय की।



















